अमृत-2.0 और पीएम आवास योजना में तेजी लाने के निर्देश, 15-15 दिन में निरीक्षण और पोर्टल पर अपडेट अनिवार्य
अनूपपुर, 12 मार्च 2026
जिले में चल रहे नगरीय विकास कार्यों की धीमी गति और गुणवत्ता को लेकर कलेक्टर हर्षल पंचोली ने सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी निर्माण कार्य शासन द्वारा निर्धारित मानकों और गुणवत्ता के अनुरूप समय-सीमा में पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि लापरवाही या देरी की स्थिति में जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
बुधवार को कलेक्ट्रेट के नर्मदा सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने जिले के सभी नगरीय निकायों में संचालित विकास कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अमृत योजना 2.0 और प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) सहित विभिन्न योजनाओं के तहत चल रहे निर्माण कार्यों की प्रगति पर अधिकारियों से जवाब-तलब किया।
15 दिन में निरीक्षण, फोटो अपलोड करना अनिवार्य
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि जिले के सभी नगरीय निकायों के निर्माण कार्यों की जानकारी सिविल वर्क मैनेजमेंट सिस्टम पोर्टल पर अनिवार्य रूप से दर्ज की जाए। पारदर्शिता और बेहतर मॉनिटरिंग के लिए प्रत्येक 15 दिन में निर्माणाधीन कार्यों का निरीक्षण कर अद्यतन फोटो पोर्टल पर अपलोड किए जाएं। इससे कार्यों की वास्तविक स्थिति पर नजर रखी जा सकेगी और निर्माण के दौरान आने वाली समस्याओं का तुरंत समाधान किया जा सकेगा।

7 दिन में पीएम आवास हितग्राहियों की सूची भेजने के निर्देश
बैठक में पीएम आवास योजना (शहरी) के प्रथम चरण और पीएमएवाई-2.0 के कार्यों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सत्यापित एवं सर्वेक्षित हितग्राहियों की सूची 7 दिनों के भीतर जिला स्तर पर अनुमोदन के लिए प्रस्तुत की जाए, ताकि पात्र लोगों को समय पर आवास योजना का लाभ मिल सके।
कॉलरी क्षेत्र में अमृत-2.0 परियोजना पर विशेष समीक्षा
कलेक्टर ने कॉलरी क्षेत्र के नगरीय निकायों डोला, डूमरकछार, बनगवां और बरगवां-अमलाई में संचालित योजनाओं की भी समीक्षा की। बैठक में South Eastern Coalfields Limited के अधिकारियों ने बताया कि अमृत-2.0 पेयजल परियोजना के लिए चिन्हित 9 स्थानों में से 7 स्थल एसईसीएल के अधिग्रहित क्षेत्र से बाहर हैं, जबकि 2 स्थल अधिग्रहित क्षेत्र में होने के कारण अनुमति आवश्यक है।
इस पर कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि अमृत-2.0 एक महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी योजना है, जिससे कॉलरी क्षेत्र के निवासियों के साथ-साथ एसईसीएल के कर्मचारी भी लाभान्वित होंगे। उन्होंने एसईसीएल प्रबंधन को शेष स्थलों के लिए शीघ्र एनओसी जारी करने के निर्देश दिए।
इन योजनाओं की भी हुई समीक्षाQबैठक में कलेक्टर ने कई अन्य योजनाओं के तहत चल रहे विकास कार्यों की भी समीक्षा की, जिनमें शामिल हैं—
मुख्यमंत्री कायाकल्प योजना के अंतर्गत मार्ग निर्माण
अमृत-2.0 के तहत पार्क विकास और जल संरचना संरक्षण
मुख्यमंत्री अधोसंरचना विकास योजना
विधायक एवं विशेष निधि से स्वीकृत विकास कार्य
कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी कार्यों में तेजी लाकर उन्हें समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए, ताकि आम जनता को योजनाओं का लाभ समय पर मिल सके।
बैठक में डिप्टी कलेक्टर सुश्री प्राशी अग्रवाल, जिले के सभी मुख्य नगरपालिका अधिकारी, नगर मिशन प्रबंधक (डूडा) तथा नगरीय निकायों के इंजीनियर उपस्थित रहे।



