पीएम जनमन आवासो की प्राथमिकता से पूर्णता सुनिश्चित की जाए- जिपं सीईओ
पीएम जनमन एवं आवास प्लस के तहत स्वीकृत आवासों की पीसीओ क्लस्टर वार जिपं सीईओ ने की समीक्षा
अनूपपुर 16 दिसंबर 2025/ जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती अर्चना कुमारी ने प्रधानमंत्री तथा आवास प्लस के अंतर्गत हितग्राहियों के स्वीकृत आवासों के कार्यों की समीक्षा करते हुए पंचायत समन्वय अधिकारियों को डोर टू डोर समन्वय कर आवास निर्माण पूर्णता के लिए मेहनत करने पर जोर दिया है।
जिला पंचायत की सीईओ ने प्रधानमंत्री जनमन एवं आवास प्लस योजना की हितग्राहीबार समीक्षा करते हुए उक्ताशय के निर्देश दिए।
बैठक में जिला पंचायत के परियोजना अधिकारी (आवास) सहायक परियोजना अधिकारी (शिकायत) आवास के विकासखंड समन्वयक आवास तथा जिले के पंचायत समन्वय अधिकारी उपस्थित थे।

उन्होंने पीसीओ क्लस्टर वार हितग्राही आवास कार्यों की विस्तार से समीक्षा करते हुए आवासों के प्लिंथ कार्य से लेकर पूर्णता तक कि मैदानी अद्यतन स्थिति की समीक्षा की, उन्होंने हितग्राहियों को प्राप्त किस्त का समय सीमा में सदुपयोग सुनिश्चित करने के लिए कार्यों की सतत मॉनिटरिंग के निर्देश दिए।
जिला पंचायत सीईओ ने स्वीकृत आवास राशि का गलत उपयोग करने वाले हितग्राहियों से राशि वसूली के लिए आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए उन्होंने कहा कि काम नहीं कराने वाले हितग्राहियों कि जनपद स्तर पर पेशी कराई जाए तथा उनके बैंक खातों में होल्ड लगाने की कार्यवाही की जाए जिससे वह शासकीय राशि का प्रभक्षण ना कर सके उन्होंने पंचायत समन्वय अधिकारियों को अपने क्षेत्र के हितग्राहियो की सूची का संधारण करते हुए प्रतिदिन की प्रगति से अवगत रहने तथा सघन मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए उन्होंने कहा कि सभी पंचायत समन्वय अधिकारी प्रधानमंत्री जन मन आवास की प्राथमिकता से पूर्णता सुनिश्चित करें।
उन्होंने समीक्षा के दौरान मैदानी स्थिति की जानकारी का प्रदर्शन नहीं करने वाले पंचायत समन्वय अधिकारियों को शो- काॅज नोटिस जारी करने के निर्देश जिपं परियोजना अधिकारी (आवास) को दिए।
बैठक में सीएम हेल्पलाइन के लंबित शिकायती प्रकरणों की समीक्षा करते हुए 50 दिवस से अधिक की शिकायतों का निराकरण सुनिश्चित करने तथा लंबित शिकायतों को संतुष्टिपूर्ण पूर्वक बंद कराए जाने के संबंध में निर्देश दिए उन्होंने कहा कि प्रत्येक माह की 20 तारीख को सीएम हेल्पलाइन की ग्रेडिंग का निर्धारण किया जाता है इसके पूर्व शिकायतों का निराकरण सुनिश्चित किया जाए।


