विद्यार्थी जो प्रश्न हल नहीं कर पा रहे हैं, उन प्रश्नों पर शिक्षक दें विशेष ध्यान-सीईओ जिला पंचायत

सीईओ जिला पंचायत ने बोर्ड परीक्षा के तैयारी संबंधित बैठक में शिक्षकों को दिए निर्देश
अनूपपुर 29 जनवरी 2026/ मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने निर्देश दिए हैं कि बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को सुनियोजित रणनीति एवं सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण में रिमेडियल कक्षाओं के माध्यम से शिक्षा प्रदान की जाए। उन्होंने कहा कि रिमेडियल कक्षाओं में केवल औपचारिक पढ़ाई न होकर विद्यार्थियों की वास्तविक शैक्षणिक कठिनाइयों पर विशेष ध्यान दिया जाए। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी आज जिला पंचायत सभागार में आयोजित बैठक के दौरान विभिन्न विद्यालयों के प्राचार्यों एवं शिक्षकों को निर्देशित कर रही थीं।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत ने शिक्षकों को बताया कि रिमेडियल कक्षाओं के दौरान विगत वर्षों के प्रश्नपत्र हल कराए तथा अब यह भी आवश्यक है कि विद्यार्थियों को किन विषयों तथा किन प्रश्नों को हल करने में कठिनाई हो रही है, इसकी पहचान कर सरल एवं सहज पद्धति से उन विषयों को समझाया और पढ़ाया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि नियमित विद्यालयीन समय के अतिरिक्त विशेष रिमेडियल कक्षाएं संचालित की जाएं। इन कक्षाओं में प्रतिदिन अलग-अलग विषयों को शामिल किया जाए, ताकि विद्यार्थियों को प्रश्नों में आने वाली कठिनाइयों को चरणबद्ध तरीके से समझाया जा सके और उनकी शंकाओं का समाधान हो सके।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने विद्यालय एवं विषयवार प्री-बोर्ड परीक्षा परिणामों तथा प्रश्नपत्रों की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा उपरांत उन्होंने शिक्षकों को निर्देशित किया कि गणित, अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, सामाजिक विज्ञान एवं विज्ञान विषयों में विद्यार्थियों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने हेतु अतिरिक्त प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र हल करने के दौरान समय प्रबंधन के महत्व की भी विशेष जानकारी दी जाए। साथ ही प्रश्नपत्रों में “अथवा” (वैकल्पिक) के रूप में दिए गए प्रश्नों में से केवल एक प्रश्न हल करने के नियम को स्पष्ट रूप से समझाया जाए, ताकि विद्यार्थी अनावश्यक रूप से दोनों प्रश्न लिखने में समय व्यर्थ न करें और निर्धारित समय में प्रश्नपत्र पूर्ण कर सकें।
बैठक के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने शिक्षकों को निर्देशित करते हुए कहा कि विद्यार्थियों का भविष्य शिक्षकों के हाथ में है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय शिक्षकों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है, जब वे विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि रिमेडियल कक्षाओं की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी एवं व्यापक बनाया जाए। विद्यार्थी जिस विषय में कमजोर है, उसकी पहचान कर संबंधित विषय पर विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही बी एवं सी ग्रेड के विद्यार्थियों पर विशेष फोकस रखते हुए उन्हें अतिरिक्त शैक्षणिक सहयोग प्रदान किया जाए, ताकि उनके परीक्षा परिणाम में उल्लेखनीय सुधार लाया जा सके।
बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी श्री तुलाराम आर्मो, क्षेत्र संयोजक जनजातीय कार्य विभाग श्री एस. के. बाजपेयी उपस्थित थे।
बोर्ड परीक्षा के पूर्व टीम भावना से कार्य करके शिक्षक बनाएं अपने विद्यालय को अग्रणी-सीईओ जिला पंचायत
विद्यार्थी जो प्रश्न हल नहीं कर पा रहे हैं, उन प्रश्नों पर शिक्षक दें विशेष ध्यान-सीईओ जिला पंचायत
सीईओ जिला पंचायत ने बोर्ड परीक्षा के तैयारी संबंधित बैठक में शिक्षकों को दिए निर्देश
अनूपपुर 29 जनवरी 2026/ मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने निर्देश दिए हैं कि बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को सुनियोजित रणनीति एवं सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण में रिमेडियल कक्षाओं के माध्यम से शिक्षा प्रदान की जाए। उन्होंने कहा कि रिमेडियल कक्षाओं में केवल औपचारिक पढ़ाई न होकर विद्यार्थियों की वास्तविक शैक्षणिक कठिनाइयों पर विशेष ध्यान दिया जाए। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी आज जिला पंचायत सभागार में आयोजित बैठक के दौरान विभिन्न विद्यालयों के प्राचार्यों एवं शिक्षकों को निर्देशित कर रही थीं।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत ने शिक्षकों को बताया कि रिमेडियल कक्षाओं के दौरान विगत वर्षों के प्रश्नपत्र हल कराए तथा अब यह भी आवश्यक है कि विद्यार्थियों को किन विषयों तथा किन प्रश्नों को हल करने में कठिनाई हो रही है, इसकी पहचान कर सरल एवं सहज पद्धति से उन विषयों को समझाया और पढ़ाया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि नियमित विद्यालयीन समय के अतिरिक्त विशेष रिमेडियल कक्षाएं संचालित की जाएं। इन कक्षाओं में प्रतिदिन अलग-अलग विषयों को शामिल किया जाए, ताकि विद्यार्थियों को प्रश्नों में आने वाली कठिनाइयों को चरणबद्ध तरीके से समझाया जा सके और उनकी शंकाओं का समाधान हो सके।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने विद्यालय एवं विषयवार प्री-बोर्ड परीक्षा परिणामों तथा प्रश्नपत्रों की विस्तृत समीक्षा की। समीक्षा उपरांत उन्होंने शिक्षकों को निर्देशित किया कि गणित, अंग्रेजी, भौतिक विज्ञान, सामाजिक विज्ञान एवं विज्ञान विषयों में विद्यार्थियों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने हेतु अतिरिक्त प्रयास किए जाएं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को बोर्ड परीक्षा के प्रश्नपत्र हल करने के दौरान समय प्रबंधन के महत्व की भी विशेष जानकारी दी जाए। साथ ही प्रश्नपत्रों में “अथवा” (वैकल्पिक) के रूप में दिए गए प्रश्नों में से केवल एक प्रश्न हल करने के नियम को स्पष्ट रूप से समझाया जाए, ताकि विद्यार्थी अनावश्यक रूप से दोनों प्रश्न लिखने में समय व्यर्थ न करें और निर्धारित समय में प्रश्नपत्र पूर्ण कर सकें।
बैठक के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी ने शिक्षकों को निर्देशित करते हुए कहा कि विद्यार्थियों का भविष्य शिक्षकों के हाथ में है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय शिक्षकों के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है, जब वे विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में निर्णायक भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि रिमेडियल कक्षाओं की गतिविधियों को और अधिक प्रभावी एवं व्यापक बनाया जाए। विद्यार्थी जिस विषय में कमजोर है, उसकी पहचान कर संबंधित विषय पर विशेष ध्यान दिया जाए। साथ ही बी एवं सी ग्रेड के विद्यार्थियों पर विशेष फोकस रखते हुए उन्हें अतिरिक्त शैक्षणिक सहयोग प्रदान किया जाए, ताकि उनके परीक्षा परिणाम में उल्लेखनीय सुधार लाया जा सके।
बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी श्री तुलाराम आर्मो, क्षेत्र संयोजक जनजातीय कार्य विभाग श्री एस. के. बाजपेयी उपस्थित थे।


